पांच दिवसीय बैंकिंग, असमान PLI, कार्य-जीवन संतुलन एवं सार्वजनिक क्षेत्र के बैंकों की मजबूती जैसे महत्वपूर्ण मुद्दों पर हुआ व्यापक विचार-विमर्श
रांची: बैंक ऑफ इंडिया ऑफिसर्स एसोसिएशन (BOIOA), झारखंड राज्य इकाई का 21वां वार्षिक अधिवेशन दिनांक 10 अक्टूबर 2026 को RIMS ऑडिटोरियम, बरियातू, रांची में उत्साहपूर्ण एवं गरिमामय वातावरण में सफलतापूर्वक संपन्न हुआ। इस अधिवेशन में झारखंड के विभिन्न अंचलों एवं शाखाओं से लगभग 1,500 अधिकारी सदस्यों ने भाग लेकर संगठन की एकता, एकजुटता और सामूहिक शक्ति का शानदार प्रदर्शन किया।
अधिवेशन की अध्यक्षता कॉमरेड प्रकाश उरांव, अध्यक्ष, झारखंड राज्य इकाई ने की। कार्यक्रम का संचालन कॉमरेड सुनील लकड़ा, महासचिव, झारखंड राज्य इकाई एवं सलाहकार, फेडरेशन ऑफ बैंक ऑफ इंडिया ऑफिसर्स एसोसिएशस (FBOIOA) के मार्गदर्शन में किया गया। कार्यक्रम की एंकरिंग कॉमरेड माधवी लकड़ा ने प्रभावी ढंग से की। इस अवसर पर देश के विभिन्न राज्यों से पधारे फेडरेशन के वरिष्ट पदाधिकारियों एवं प्रतिनिधियों का स्वागत किया गया। वक्ताओं ने संगठन को और अधिक सशक्त बनाने, अधिकारियों के अधिकारों की रक्षा करने तथा बैंकिंग क्षेत्र में आ रही चुनौतियों का सामूहिक रुप से सामना करने का आह्वान किया।
अधिवेशन को मुख्य रूप से कॉमरेड निलेश पवार, महासचिव, फेडरेशन ऑफ बैंक ऑफ इंडिया ऑफिस एसोसिएशंस (FBOIOA) ने संबोधित किया। उन्होंने बैंकिंग क्षेत्र में तेजी से हो रहे तकनीकी बदलाव बदलते बैंकिंग परिवेश और अधिकारियों के समक्ष उत्पन्न हो रही नई चुनौतियों पर अपने विचार रकम उन्होंने अधिकारियों के पेशेवर हितों की रक्षा, संगठनात्मक एकजुटता तथा सार्वजनिक क्षेत्र के बैंकों भूमिका को सुदृढ़ बनाए रखने की आवश्यकता पर बल दिया।
अधिवेशन में पाँच दिवसीय बैंकिंग व्यवस्था लागू करने की मांग, असमान एवं भेदभावपूर्ण प्रद आधारित प्रोत्साहन (PLI), अधिकारियों के कार्य-जीवन संतुलन (Work-Life Balance), कार्यस्थल पर दबाव, अधिकारियों को उपलब्ध सुविधाओं एवं कार्य परिस्थितियों जैसे महत्वपूर्ण विषयों पर विस्ता चर्चा की गई। इसके साथ ही सार्वजनिक क्षेत्र के बैंकों के निजीकरण से संबंधित नीतिगत मुद्दों, सेवाओं के भविष्य तथा बैंक ऑफ इंडिया और उसके अधिकारियों के हितों से जुड़े विषयों पर भी वि विमर्श हुआ।
